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“पिरान कलियर में सत्यापन अभियान का शिकंजा: जेल में बंद आरोपी के नाम पर करोड़ों की संपत्ति और शोरूम की जांच शुरू..

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पंच👊नामा
पिरान कलियर: संदिग्ध संपत्तियों और आपराधिक छवि वाले व्यक्तियों पर शिकंजा कसते हुए कलियर पुलिस ने सत्यापन अभियान के दौरान बड़ा खुलासा किया है। उत्तराखंड पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ के आदेश पर उत्तराखंड भर में चल रहे विशेष सत्यापन अभियान के तहत थाना पिरान कलियर क्षेत्र में बाहरी व्यक्तियों की जांच के दौरान जेल में बंद एक आरोपी के परिवार की संदिग्ध गतिविधियों और संपत्तियों की जानकारी सामने आई, जिसके बाद पुलिस ने जांच का दायरा और बढ़ा दिया है।एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देश पर जनपद भर में चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस बाहरी व्यक्तियों, संदिग्ध कारोबार और अवैध संपत्ति के मामलों की गहन पड़ताल कर रही है। इसी कड़ी में कलियर क्षेत्र में रह रहे एक परिवार की आय के स्रोत और संपत्ति को लेकर संदेह उत्पन्न होने पर पुलिस ने पूछताछ और सत्यापन की कार्रवाई तेज कर दी है।कलियर थानाध्यक्ष रविन्द्र कुमार के नेतृत्व में थाना पिरान कलियर पुलिस द्वारा चलाए जा रहे सत्यापन अभियान के दौरान जानकारी मिली कि ग्राम बहलोलपुर थाना मझौला जनपद मुरादाबाद (उत्तर प्रदेश) निवासी नईम पुत्र हनीफ का परिवार शमीम साबरी कॉलोनी, कलियर में निवास कर रहा है, जबकि नईम स्वयं वर्तमान में मुरादाबाद जेल में निरुद्ध है। साथ ही रहमतपुर कलियर में उसकी पत्नी व साले के नाम से S.K. फर्नीचर व इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का शोरूम संचालित किया जा रहा है।जानकारी मिलने पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची, जहां नईम की पत्नी और उसका साला रईस पुत्र सिफ्ते हसन निवासी ग्राम मेवा नवादा थाना स्यौहारा बिजनौर मिले। पूछताछ के दौरान दोनों आय के स्रोत और कारोबार से संबंधित स्पष्ट जानकारी नहीं दे सके, जिस पर उन्हें विस्तृत पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया।पूछताछ में पत्नी ने बताया कि रहमतपुर स्थित शोरूम उसके और उसके भाई रईस के नाम पर है, जबकि जिस मकान में वे रह रहे हैं वह उसकी ननद के नाम पर है। आय के स्रोत के संबंध में संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर पुलिस ने संपत्ति और आर्थिक गतिविधियों की जांच शुरू कर दी है।पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि नईम मुरादाबाद जेल में विभिन्न मामलों में निरुद्ध है, जिनमें भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) के तहत दर्ज मामले और वर्ष 2006 का एनडीपीएस एक्ट से संबंधित मुकदमा शामिल है। पुलिस द्वारा DCRB मुरादाबाद और ICJS पोर्टल के माध्यम से उसके अन्य आपराधिक इतिहास की जानकारी भी जुटाई जा रही है।पुलिस अधिकारियों के अनुसार संदिग्ध संपत्ति, कारोबार और आपराधिक गतिविधियों के संबंध में विस्तृत जांच जारी है जांच के उपरांत आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

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