
पंच👊नामा-ब्यूरो
देहरादून में समाज की अंतरात्मा को झकझोर देने वाली एक बेहद संवेदनशील और घिनौनी घटना सामने आई है। सहसपुर क्षेत्र में 10 वर्ष की मासूम नाबालिग बच्ची के साथ कथित तौर पर दुष्कर्म का मामला दर्ज हुआ है, जिसमें आरोपी एक 65 वर्षीय बुजुर्ग है। यह वारदात न केवल कानून की पवित्रता पर सवाल उठाती है, बल्कि समाज में बढ़ते अपराधों के खिलाफ त्वरित न्याय की मांग को और तेज करती है।
दरअसल, सहसपुर निवासी एक महिला ने कोतवाली सहसपुर में अपनी नाबालिग पुत्री के साथ हुई इस हैवानियत की शिकायत दर्ज कराई। मां ने आरोप लगाया कि आरोपी ने बच्ची को आटा चक्की (घराट) के अंदर बुलाकर उसके साथ गलत हरकतें कीं और दुष्कर्म किया। शिकायत मिलते ही पुलिस ने फौरन संज्ञान लिया और पॉक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, देहरादून प्रमेन्द्र डोबाल के निर्देश पर तुरंत एक विशेष पुलिस टीम गठित की गई। टीम ने सुरागरसी और पतारसी शुरू की, मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और मात्र घटना के उसी दिन आरोपी को धर दबोचा। आरोपी की पहचान बलजीत पुत्र सुकला, उम्र 65 वर्ष, निवासी इंद्रीपुर के रूप में हुई है।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और उसे न्यायालय के समक्ष पेश करने की तैयारी कर ली है। यह कार्रवाई दून पुलिस की महिला एवं बाल अपराधों के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति का जीता-जागता उदाहरण है, जहां मात्र 24 घंटे के भीतर आरोपी को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया गया।



