“कहीं बुजुर्ग लुटे या पिटे जवान, फलाने कोतवाल को जिम करने से काम..
आमजन के लिए सरकारी मोबाइल नंबर नाकाम, भगवान भरोसे कोतवाली का इंतजाम..
पंच👊नामा-ब्यूरो
हरिद्वार: मुख्यमंत्री आमजन की सुनवाई को लेकर लाख निर्देश दें, डीजीपी हजार बैठकें करें, वीडियो कान्फ्रेंसिंग में तमाम हिदायतें दी जाएं, लेकिन हरिद्वार में एक कोतवाल की बला से।
क्षेत्र में किसी बुजुर्ग महिला से चेन लूट हो जाए, या किसी कोई हादसा हो जाए, कोतवाल अगर निजी काम में व्यस्त नहीं है तो पीड़ित की किस्मत है, अन्यथा कार्रवाई होना तो दूर सरकारी मोबाइल फोन पर कॉल ही रिसीव हो जाए तो गनीमत है।
सीएम से लेकर डीजीपी और कप्तान को ठेंगा दिखाने वाले कोतवाल को सिर्फ एक ही शौक है, वह है कसरत करना। पंच👊नामा के अंडर कवर खबरी लल्लन सिंह भी मानते हैं कि पुराने साहब की माया भी अजब थी, न मालूम किस कोटे से फलाने कोतवाल को कुर्सी पर बैठाकर चल दिए। कोतवाल तो जैसे रानी के राजा बन गए। लेकिन पहले दिन से कोतवाली का इंतजाम भगवान भरोसे है।
यही वजह है कि फरियादियों को अधिकारियों की चौखट पर अपनी शिकायत लेकर जाना पड़ रहा है। दूसरी तरफ क्षेत्र में जरायम पेशेवरों की पूरी मौज है। जिस दिन से फलाने कोतवाल आए हैं, उन्हें इधर-उधर झांकने की जरूरत ही नहीं है।कुल मिलाकर फलाने जी अजब कोतवाल है और गजब कोतवाली का हाल है।



