ऑल इंडिया राइन कॉन्फ्रेंस: शिक्षा, रोजगार और बिरादरी उत्थान पर हुआ मंथन..
डॉ. अरशद इकबाल ने मेडिकल व प्रोफेशनल कोर्सेज की ओर बच्चों को प्रेरित करने पर दिया जोर, अल्ताफ हुसैन बने कन्वीनर..

पंच👊नामा-ब्यूरो
मंगलौर (हरिद्वार)। ऑल इंडिया जमीयतुर राइन ट्रस्ट द्वारा मंगलवार को मंगलौर में ऑल इंडिया राइन कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अरशद इकबाल, महासचिव एजाज अहमद राईनी और उपाध्यक्ष अल्ताफ हुसैन बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। सम्मेलन का संचालन सरपरस्त इरफान भाई ने किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अरशद इकबाल ने कहा कि बिरादरी के बच्चों को बेहतर तालीम दिलाना संगठन की प्राथमिकता है। उन्होंने अभिभावकों से आग्रह किया कि वे बच्चों को मेडिकल और प्रोफेशनल शिक्षा की ओर प्रेरित करें।
उन्होंने कहा कि— “अगर बच्चे एमबीबीएस कर लें तो बेहतर है, लेकिन बीएएमएस, नर्सिंग, ओटी टेक्नीशियन, कैथ लैब टेक्नीशियन जैसे अनेक कोर्स भी उपलब्ध हैं।
”लड़कियों को बी.एड और अन्य प्रोफेशनल कोर्स के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए ताकि वे रोजगार हासिल कर सकें। डॉ. इकबाल ने भरोसा दिलाया कि ट्रस्ट की ओर से बच्चों को हर संभव सहायता देने का प्रयास किया जाएगा।
आईटीसी कंपनी में एचआर हेड पद पर कार्यरत अल्ताफ हुसैन ने कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के पूर्व छात्र मिलकर रुड़की में कोचिंग व गाइडेंस सेंटर चला रहे हैं, जहां बच्चों को फ्री कोचिंग देकर आईएएस–आईपीएस और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाती है। उन्होंने बिरादरी के युवाओं को अधिक संख्या में इसका लाभ लेने की अपील की और सहयोग का भरोसा भी दिया।
महासचिव एजाज अहमद राईनी ने संगठन के पांच सूत्री कार्यक्रम— शादी-रिश्ते, तालीम, हेल्थ, सामाजिक सहयोग आदि की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि लगातार प्रयासों के बाद राइन और कुंजरा बिरादरी को ओबीसी एनेक्सचर–1 में शामिल किया गया है, जिसका लाभ बच्चों की शिक्षा से लेकर नौकरियों तक मिलेगा। उन्होंने कहा कि जैसे यह व्यवस्था उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड में लागू है, वैसे ही उत्तराखंड में भी इसे लागू कराने के लिए संगठन कार्य करेगा।
कार्यक्रम में सर्वसम्मति से अल्ताफ हुसैन को उत्तराखंड का कन्वीनर एवं अध्यक्ष नियुक्त किया गया, ताकि राज्य में राइन बिरादरी को संगठित कर उत्थान कार्यों को गति दी जा सके। इसके बाद इरफान साहब को मंगलौर–हरिद्वार का कन्वीनर एवं अध्यक्ष बनाया गया।
इसके साथ ही नसीम भाई, फरमान भाई, सफीक भाई और नासिर भाई को संयुक्त कन्वीनर की जिम्मेदारी सौंपी गई। सभी पदाधिकारियों ने मिलकर बिरादरी को शिक्षित, संगठित और आत्मनिर्भर बनाने के लक्ष्य को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।



