
पंच👊नामा-ब्यूरो
हरिद्वार: उत्तराखंड की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत हुई है। जनता के अधिकारों की रक्षा और सामाजिक न्याय की दिशा में प्रभावी बदलाव लाने के उद्देश्य से जन अधिकार पार्टी (जनशक्ति) का गठन किया गया है। इस नई पार्टी ने राज्य की जनता को एक नई उम्मीद देते हुए आगामी उत्तराखंड विधानसभा चुनावों में मजबूती से उतरने का ऐलान किया है।हरिद्वार में आयोजित एक विशेष समारोह में जन अधिकार पार्टी (जनशक्ति) की औपचारिक घोषणा की गई, जिसमें बड़ी संख्या में राजनीतिक और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष आज़ाद अली ने अपने संबोधन में कहा,”यह पार्टी उन तमाम लोगों के लिए एक सशक्त मंच होगी, जो अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। हमारा लक्ष्य उत्तराखंड में विकास, समानता और पारदर्शी शासन की स्थापना करना है, ताकि आम जनता को उनका हक और सम्मान मिल सके।
———————————पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री अभिषेक बहुगुणा ने राज्य की जनता से सीधा संवाद करते हुए कहा, “उत्तराखंड के युवाओं, किसानों, महिलाओं और मजदूरों की आकांक्षाओं को साकार करना हमारा संकल्प है। हमारा विज़न है कि उत्तराखंड केवल प्राकृतिक सौंदर्य के लिए ही नहीं, बल्कि विकास और समृद्धि के क्षेत्र में भी देश का अग्रणी राज्य बने। इसी क्रम में, राष्ट्रीय महासचिव हेमा भंडारी ने पार्टी की प्राथमिकताओं को स्पष्ट करते हुए कहा, “हमारी पार्टी शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और पर्यावरण संरक्षण को केंद्र में रखकर कार्य करेगी।
हम आधुनिक विकास की राह पर चलते हुए उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत को संजोकर आगे बढ़ना चाहते हैं। जन अधिकार पार्टी (जनशक्ति) ने राज्य की जनता से आह्वान किया है कि वे इस बदलाव का हिस्सा बनें और आगामी विधानसभा चुनावों में पार्टी को समर्थन देकर एक मजबूत, पारदर्शी और जनहितकारी सरकार के गठन में योगदान दें। जल्द ही पार्टी अपना विस्तृत घोषणा-पत्र और नीतियां जनता के सामने प्रस्तुत करेगी। पार्टी का दावा है कि यह नई शुरुआत उत्तराखंड की राजनीति में एक सकारात्मक परिवर्तन लाएगी और लोकतंत्र को सशक्त बनाने की दिशा में नया अध्याय लिखेगी