“हैप्पी हत्याकांड की खुली पूरी कहानी: मुखबिरी के शक से शुरू हुई रंजिश, धमकियों से परेशान होकर रची गई हत्या की साजिश..
देर रात पुलिस से भिड़े हत्याकांड के आरोपी, मुठभेड़ में एक बदमाश दबोचा गया; दूसरा फरार..

पंच👊नामा-ब्यूरो
हरिद्वार; बहुचर्चित हैप्पी हत्याकांड की गुत्थी आखिरकार हरिद्वार पुलिस ने सुलझा ली है। शांतरशाह में दिनदहाड़े गोली मारकर की गई हत्या के पीछे पुरानी रंजिश, पुलिस की मुखबिरी का शक, स्मैक के धंधे और लगातार दी जा रही धमकियों की कहानी सामने आई है। देर रात चेकिंग के दौरान पुलिस की बदमाशों से मुठभेड़ हो गई। दोनों ओर से हुई फायरिंग के बीच एक बदमाश के पैर में गोली लगी, जिसे पुलिस ने मौके से दबोच लिया, जबकि उसका दूसरा साथी अंधेरे और झाड़ियों का फायदा उठाकर फरार हो गया। पुलिस ने घायल आरोपी के कब्जे से तमंचा, कारतूस, मोबाइल फोन और मोटरसाइकिल बरामद की है।
प्रेस कांफ्रेंस में एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने किया खुलासा……. एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह भुल्लर ने प्रेस कांफ्रेंस में हत्याकांड का खुलासा करते हुए बताया कि 14 सितंबर को पतंजलि रोड स्थित देव धर्म कांटा, शांतरशाह के पास 28 वर्षीय हैप्पी की अज्ञात बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। मामले में मृतक के भाई कपिल की तहरीर पर कोतवाली बहादराबाद में मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने स्वयं घटनास्थल का निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए थे। हत्याकांड के खुलासे के लिए अलग-अलग पुलिस टीमों का गठन कर आरोपियों की तलाश, सुरागरसी और पतारसी तेज कर दी गई थी।
बहादराबाद पुलिस ने बिछाया जाल, चेकिंग के दौरान बदमाशों से मुठभेड़….. कोतवाली बहादराबाद प्रभारी निरीक्षक अमरजीत सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार संदिग्धों की तलाश में जुटी थी। इसी क्रम में बीती देर रात नहर पटरी स्थित तिरछा पुल के पास पुलिस चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर सवार दो संदिग्ध पुलिस को दिखाई दिए।
पुलिस ने रुकने का इशारा किया तो बदमाशों ने पुलिसकर्मियों पर तमंचे से फायर झोंक दिया और मोटरसाइकिल पीछे मोड़कर कलियर की ओर भागने लगे। पुलिस ने पीछा किया तो बदमाश मोटरसाइकिल को ग्राम दौलतपुर की ओर जाने वाले रास्ते पर ले गए। बाद में नहर पटरी से नदी की ओर जाने वाले रास्ते पर बाइक छोड़कर झाड़ियों की आड़ में छिप गए और पुलिस टीम पर दोबारा फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों की गोली सरकारी वाहन की ड्राइवर साइड की खिड़की के नीचे भी लगी।
पुलिस टीम ने घेराबंदी करते हुए बदमाशों को आत्मसमर्पण के लिए ललकारा, लेकिन बदमाशों की ओर से फायरिंग जारी रही। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की। कुछ देर बाद फायरिंग बंद हुई तो पुलिस ने दोबारा चेतावनी दी। इसी दौरान झाड़ियों के पीछे से एक बदमाश ने आत्मसमर्पण करने की बात कही।
पुलिस ने सावधानीपूर्वक सर्च अभियान चलाया तो नदी की ओर जाने वाली ढलान पर एक युवक घायल अवस्था में मिला। उसके बाएं पैर की पिंडली में गोली लगी थी। पूछताछ में उसकी पहचान मुदस्सिर पुत्र जमशेद, निवासी ग्राम दतौली रांगण, थाना कोतवाली देहात, जिला सहारनपुर, उम्र 20 वर्ष के रूप में हुई। घायल आरोपी को तत्काल उपचार के लिए मेला अस्पताल हरिद्वार भेजा गया।
एसओजी हरिद्वार और रुड़की की टीम ने भी निभाई अहम भूमिका…. हैप्पी हत्याकांड के खुलासे में सीआईयू/एसओजी हरिद्वार और रुड़की की टीमों ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। दोनों टीमों ने घटना के बाद लगातार संदिग्धों की तलाश, सुरागरसी और आरोपियों से जुड़े इनपुट जुटाने में काम किया। पुलिस के अनुसार हत्या की योजना बनाने वालों में इस्तकार उर्फ इस्तयाक भी शामिल है।
वर्ष 2022 में इस्तकार एक युवती को भगाकर ले गया था, जिसके संबंध में जनकपुरी थाने में दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था। उस मामले में इस्तकार की गिरफ्तारी हुई थी। पुलिस के मुताबिक इस्तकार को शक था कि उसकी गिरफ्तारी में मृतक हैप्पी ने पुलिस की मुखबिरी की थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच रंजिश चल रही थी।
पुलिस के अनुसार जेल से बाहर आने के बाद इस्तकार स्मैक के धंधे में शामिल हो गया था। आरोप है कि हैप्पी उसे स्मैक बेचने को लेकर पुलिस से पकड़वाने की धमकी देता था। बाद में हैप्पी द्वारा पैसों की मांग किए जाने की बात भी सामने आई। लगातार दबाव और धमकियों से परेशान होकर इस्तकार ने अपने साथियों के साथ मिलकर हैप्पी को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। पुलिस के मुताबिक 12 सितंबर को आरोपियों ने घटनास्थल की रेकी की और 14 सितंबर को हत्या की वारदात को अंजाम दिया।
कई थानों की पुलिस ने संभाला मोर्चा….
हत्याकांड के बाद आरोपियों की तलाश में थाना बुग्गावाला, थाना सिडकुल, कोतवाली नगर, थाना श्यामपुर, थाना कनखल और कोतवाली ज्वालापुर की पुलिस टीमों ने भी लगातार दबिश और तलाश अभियान चलाया। सीमावर्ती थाना पुलिस को भी मुठभेड़ की सूचना मिलते ही मौके पर बुलाया गया था।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से 315 बोर का एक तमंचा, दो खोखा कारतूस, दो जिंदा कारतूस, एक मोबाइल फोन और काले रंग की स्पेलेंडर मोटरसाइकिल बरामद की है। फरार दूसरे बदमाश की तलाश में पुलिस की टीमें जुटी हुई हैं। पुलिस टीम को उत्कृष्ट कार्य के लिए एसएसपी हरिद्वार की ओर से 2,500 रुपये व पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल परिक्षेत्र की ओर से 5,000 रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।
पुलिस टीम में शामिल…..
कोतवाली बहादराबाद:
1:- अमरजीत सिंह, प्रभारी निरीक्षक
2:- एसएसआई अशोक सिरसवाल
3:- विकास रावत, प्रभारी चौकी बाजार
4:- अजय कुमार, प्रभारी चौकी शांतरशाह
5:- उपनिरीक्षक हेमदत्त भारद्वाज
6:- कांस्टेबल सतेन्द्र चौधरी
7:- कांस्टेबल बलवन्त सिंह
8:- कांस्टेबल अरुण चमोली
9:- कांस्टेबल हिमांशु पंत
10:- कांस्टेबल विकास थापा
11:- कांस्टेबल अवनेश राणा
12:- हेड कांस्टेबल राजवर्धन
13:- कांस्टेबल चन्दन
सीआईयू हरिद्वार……
1:- निरीक्षक नरेन्द्र बिष्ट
2:- कांस्टेबल दीपगौड
3:- कांस्टेबल हरवीर सिंह
4:- कांस्टेबल उमेश
5:- कांस्टेबल वसीम
6:- कांस्टेबल नरेन्द्र
सीआईयू रुड़की……
1:- निरीक्षक रविन्द्र शाह
2:- एएसआई अश्वनी
3:- कांस्टेबल रविन्द्र खत्री
4:- कांस्टेबल महिपाल
5:- कांस्टेबल मनमोहन भण्डारी
6:- कांस्टेबल राहुल
7:- कांस्टेबल आशीष शर्मा
8: कांस्टेबल अजय काला
अन्य पुलिस टीम….
1:- थानाध्यक्ष अंकुर शर्मा, थाना बुग्गावाला
2:- थानाध्यक्ष अजय शाह, थाना सिडकुल
3:- उ0नि0 खेमेन्द्र गंगवार, कोतवाली नगर
4:- उ0नि0 देवेन्द्र तोमर, कोतवाली श्यामपुर
5:- उ0नि0 उमेश कुमार, थाना कनखल
6:- एएसआई युवराज सिंह, थाना बुग्गावाला
7:- हेड कांस्टेबल सोहन राणा, थाना सिडकुल
8:- कांस्टेबल गजेन्द्र सिंह, थाना श्यामपुर
9:- कांस्टेबल नवीन क्षेत्री, कोतवाली ज्वालापुर
10:- कांस्टेबल दीपक दानू, कोतवाली ज्वालापुर
11:- कांस्टेबल जितेन्द्र मलिक, थाना सिडकुल
12:- कांस्टेबल सतेन्द्र रावत, थाना कनखल
13:- कांस्टेबल संजय ठाकुर
14:- कांस्टेबल अंकित कुमार, कोतवाली नगर



