“कानून की जानकारी के साथ सेवा का संदेश, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम बना आकर्षण का केंद्र..!

पंच👊नामा-ब्यूरो
हरिद्वार: हरिद्वार में जरूरतमंदों को कानूनी सहायता पहुंचाने की मुहिम को और मजबूत बनाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने बड़ा कदम उठाया है। नवचयनित पैरा लीगल वालंटीयर्स और अधिकार मित्रों को कानून की बारीकियों से रूबरू कराने के लिए तीन दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। विकास भवन रोशनाबाद का सभागार कानूनी जागरूकता, सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा भाव के संदेशों से गूंज उठा।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, हरिद्वार द्वारा आयोजित इस विशेष क्षमता निर्माण एवं कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ जनपद न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार श्री नरेन्द्र दत्त की अध्यक्षता में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्रा, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संदीप कुमार तथा सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमती सिमरनजीत कौर ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम की शुरुआत लॉ इंटर्न्स सोमा शरण और अपूर्वा चौधरी द्वारा प्रस्तुत सरस्वती वंदना से हुई।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में सचिव श्रीमती सिमरनजीत कौर ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए अधिकार मित्रों की भूमिका और नालसा द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक कानूनी सहायता पहुंचाने में अधिकार मित्रों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संदीप कुमार और मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्रा ने अपने संबोधन में कानून के प्रति जागरूकता और सामाजिक सेवा के महत्व पर प्रकाश डाला। वहीं मुख्य अतिथि जनपद न्यायाधीश श्री नरेन्द्र दत्त ने कहा कि अधिकार मित्रों का दायित्व केवल कानूनी जानकारी देना नहीं, बल्कि जरूरतमंद लोगों को सही मार्गदर्शन और न्याय तक पहुंचाने में सहयोग करना भी है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि यह कार्य सेवा भावना से किया जाना चाहिए, न कि किसी आर्थिक लाभ या लालच के लिए।
प्रशिक्षण सत्रों में डिप्टी एलएडीसी रमन कुमार सैनी ने विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम 1987 की विस्तृत जानकारी दी, जबकि अधिवक्ता अनुज कुमार शर्मा ने वरिष्ठ नागरिक अधिनियम 2007 के विभिन्न प्रावधानों पर प्रकाश डाला। प्रथम अपर जिला जज श्रीमती नीलम रात्रा ने प्रतिभागियों को पोक्सो एक्ट और अन्य महत्वपूर्ण कानूनी विषयों की जानकारी दी। वहीं स्पेशल जज पोक्सो एवं अपर जिला जज श्री लक्ष्मण ने किशोर न्याय अधिनियम और पोक्सो कानून से जुड़े अहम बिंदुओं पर विस्तार से जानकारी साझा की।
कार्यक्रम का संचालन रिटेनर अधिवक्ता श्रीमती सीमा द्वारा किया गया। इस दौरान रजिया अख्तर, आदिल अली और असिस्टेंट एलएडीसी सहित बड़ी संख्या में अधिकार मित्र एवं प्रतिभागी मौजूद रहे। तीन दिवसीय यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 14, 15 और 16 मई तक चलेगा, जिसका समापन 16 मई 2026 को किया जाएगा।



