
पंच👊नामा
मंगलौर; मंगलौर कोतवाली क्षेत्र में दिनदहाड़े हुए कथित जानलेवा हमले के मामले में 18 नामजद लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि पहले से दर्ज गंभीर आपराधिक मामलों में समझौता कराने और मुकदमा वापस लेने का दबाव बनाने के उद्देश्य से आरोपियों ने हमला किया। घटना में कई लोग घायल हुए हैं, जिनका उपचार जिला सरकारी अस्पताल हरिद्वार में कराया गया।
पीड़ित मुजफ्फर पुत्र याकूब, निवासी ग्राम पीरपुरा, थाना मंगलौर ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि मुख्य आरोपी अकील उर्फ भुट्टू पुत्र कासिम समेत अन्य लोगों के खिलाफ पहले से गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। आरोप है कि आरोपी पक्ष लगातार गवाहों और पीड़ितों पर मुकदमे वापस लेने और समझौता करने का दबाव बना रहा था।
तहरीर के अनुसार, 6 जुलाई 2026 को रोशनाबाद स्थित विकास भवन में हुई मारपीट के संबंध में थाना सिडकुल में मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसी मुकदमे को वापस लेने के लिए लगातार धमकियां दी जा रही थीं। पीड़ित का आरोप है।
कि सुबह करीब 9:15 बजे उसका भाई इंतजार दुकान जाने के लिए घर से निकला था। रास्ते में पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उसे रोक लिया और लाठी-डंडों, सरियों व धारदार हथियारों से हमला कर दिया। हमले के दौरान गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकियां भी दी गईं।
शिकायत के मुताबिक धारदार हथियार के वार से इंतजार की गर्दन पर गंभीर चोट आई और कान का एक हिस्सा कट गया। बीच-बचाव करने पहुंचे अन्य लोगों के साथ भी मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया है, जिससे कई लोग घायल हो गए। पीड़ित पक्ष का कहना है कि शोर-शराबा सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे तो आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए।
घायलों का उपचार जिला सरकारी अस्पताल हरिद्वार में कराया गया, जिसकी मेडिकल रिपोर्ट भी पुलिस को सौंप दी गई है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर 18 आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़ित पक्ष ने सभी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।



