“रानीमाजरा में उमड़ा सामान्य वर्ग का जनसैलाब, आरक्षण सुधार की मांग पर गरजी आवाज..
यूजीसी रोलबैक और आरक्षण व्यवस्था की समीक्षा को लेकर हजारों की भीड़; ढोल-नगाड़ों के बीच निकला पैदल मार्च, महाराणा प्रताप चौक पर सौंपा ज्ञापन..

पंच👊नामा-ब्यूरो
पथरी (हरिद्वार)। लक्सर रोड स्थित रानीमाजरा रविवार को सामान्य वर्ग की बड़ी जुटान का केंद्र बन गया। रुबराज वेंकट हॉल में सामान्य वर्ग एकता मंच के आह्वान पर आयोजित जनसभा में हजारों की भीड़ उमड़ी। हॉल से लेकर आसपास का क्षेत्र लोगों से खचाखच भरा रहा। यूजीसी रोलबैक, आरक्षण व्यवस्था की समीक्षा, समान अवसर और कानूनों के कथित दुरुपयोग पर रोक की मांग को लेकर वक्ताओं ने हुंकार भरी तो भीड़ ने नारों के साथ समर्थन जताया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. शिवकुमार चौहान ने किया।
उत्तर प्रदेश के शामली से पहुंचे ठाकुर पूरण सिंह चौहान ने कहा कि यूजीसी तथा एससी-एसटी एक्ट के कथित दुरुपयोग को लेकर सामान्य वर्ग में जागरूकता बढ़ी है। कानून किसी वर्ग में भय पैदा करने के लिए नहीं, बल्कि न्याय और सुरक्षा के लिए होने चाहिए। उन्होंने समाज से लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने और चुनाव में राजनीतिक दलों से सवाल पूछने का आह्वान किया।
सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता अनिल मिश्र ने आरक्षण व्यवस्था के कानूनी और सामाजिक प्रभावों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि कई दशकों से आरक्षण व्यवस्था लागू है, इसलिए अब इसके परिणामों और उससे उत्पन्न विसंगतियों का निष्पक्ष मूल्यांकन होना चाहिए। उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं और सरकारी नौकरियों में अवसरों को लेकर सामान्य वर्ग के युवाओं में असंतोष का उल्लेख करते हुए प्रतिभा, आर्थिक स्थिति और वास्तविक वंचना जैसे पहलुओं पर भी विचार की जरूरत बताई।
ब्राह्मण महासभा उत्तराखंड के अध्यक्ष पंडित पदमप्रकाश शर्मा ने कहा कि आरक्षण सहित सामाजिक नीतियों पर समय के साथ पुनर्विचार और स्वस्थ बहस लोकतंत्र की स्वाभाविक प्रक्रिया है। कार्यक्रम अध्यक्ष बलवंत सिंह चौहान ने कहा कि सामान्य वर्ग की समस्याओं को अब संगठित और तथ्याधारित तरीके से उठाने की जरूरत है।
डॉ. शिवकुमार चौहान ने कहा कि समाज को अपने अधिकारों के लिए एकजुट होकर संवैधानिक और शांतिपूर्ण तरीके से आवाज उठानी होगी। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय तभी सार्थक होगा, जब सभी वर्गों को समान अवसर और न्याय का भरोसा मिले। उन्होंने जनसभा में मौजूद लोगों से संगठन और जागरूकता के साथ अपनी बात लोकतांत्रिक मंचों तक पहुंचाने का आह्वान किया।
जनसभा को मांगेराम त्यागी, राष्ट्रीय अध्यक्ष त्यागी एवं ब्राह्मण समाज मुजफ्फरनगर, ठाकुर जयपाल सिंह चौहान, राष्ट्रीय अध्यक्ष क्षत्रिय कल्याण महासभा, अधीर कौशिक, अध्यक्ष श्री अखंड परशुराम अखाड़ा हरिद्वार, सुनील कुमार अग्रवाल, पार्षद हरिद्वार, राजू ओबराय, प्रदेश उपाध्यक्ष पंजाबी समाज उत्तराखण्ड, उत्तम सिंह चौहान, वरिष्ठ अधिवक्ता हरिद्वार तथा नरेंद्र सिंह चौहान, वरिष्ठ अधिवक्ता हरिद्वार सहित अन्य वक्ताओं ने संबोधित किया।
जनसभा के बाद भीड़ पैदल मार्च के रूप में महान क्षत्रिय सम्राट महाराणा प्रताप चौक धारीवाला की ओर रवाना हुई। ढोल-नगाड़ों और नारों के बीच निकले इस मार्च से लक्सर रोड पर माहौल पूरी तरह जनसभा के रंग में नजर आया। चौक पर पहुंचकर उपजिलाधिकारी लक्सर को मांगों के समर्थन में ज्ञापन सौंपा गया।
कार्यक्रम में पहुंचे अतिथियों और विभिन्न जनपदों से आए सामाजिक प्रतिनिधियों का स्थानीय ग्रामीणों और आयोजन समिति ने ढोल-नगाड़ों तथा फूलमालाओं से स्वागत किया। आयोजन में ठाकुर अर्जुन सिंह चौहान, धर्मेंद्र चौहान, अतुल चौहान, शिवकुमार चौहान, ठाकुर अक्षय चौहान, पीयूष चौहान, नाथीराम चौहान, त्रिलोक चौहान, सौरभ चौहान, सचिन चौहान, अभिषेक चौहान, पंकज प्रधान, तरुण चौहान, विशाल चौहान, शिवम चौहान, रविन्द्र शर्मा तथा नितिन चौहान सहित आयोजन समिति के सदस्यों और स्थानीय ग्रामीणों का सहयोग रहा।



