
पंच👊नामा-ब्यूरो
देहरादून; मोहब्बेवाला में एक दिन पहले हुए भीषण सड़क हादसे में चार लोगों की मौत के बाद अब सड़क निर्माण और सुरक्षा के लिए जिम्मेदार विभागों की जवाबदेही भी तय करने की कार्रवाई शुरू हो गई है। हादसे में कार सवार एक ही परिवार के तीन सदस्यों और चालक की जान चली गई थी,
जबकि छह वर्षीय मासूम महेर कपूर को पुलिस ने रेस्क्यू कर सकुशल बचा लिया था। इस मामले में मृतक परिवार की ओर से ट्रक चालक के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कराया गया है। वहीं, पुलिस ने नवनिर्मित दिल्ली-देहरादून-पांवटा राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा इंतजामों में लापरवाही बरतने के आरोप में एनएचएआई और पीडब्ल्यूडी के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया है।
पटेलनगर कोतवाली में आईएसबीटी चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक जयवीर सिंह की तहरीर पर दोनों कार्यदायी संस्थाओं के खिलाफ बीएनएस की धारा 125(क) और 125(ख) के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। पुलिस की तहरीर में सड़क पर सुरक्षा के जरूरी इंतजाम नहीं होने और लगातार हादसों के बावजूद संबंधित विभागों की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाने का उल्लेख किया गया है।
पुलिस बार-बार करती रही आगाह, विभागों ने नहीं दिखाई गंभीरता…….
इस पूरे मामले में सबसे गंभीर बात यह है कि मोहब्बेवाला क्षेत्र में लगातार हो रहे हादसों को लेकर पुलिस पहले ही संबंधित विभागों को आगाह कर चुकी थी। पुलिस की ओर से कई बार नोटिस जारी किए गए और अधिकारियों को भी सड़क की खामियों से अवगत कराया गया। इसके अलावा पत्राचार के माध्यम से यातायात सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने और दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए जरूरी कदम उठाने को कहा गया था। इसके बावजूद आरोप है कि एनएचएआई और पीडब्ल्यूडी ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की।
पुलिस की तहरीर के मुताबिक, दिल्ली-देहरादून-पांवटा नवनिर्मित राष्ट्रीय राजमार्ग पर पर्याप्त साइन बोर्ड, यातायात संकेतक, रिफ्लेक्टर और चेतावनी बोर्ड नहीं लगाए गए हैं। रात के समय रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था भी नहीं है। सड़क किनारे गड्ढे होने के साथ मोहब्बेवाला में अचानक तीव्र मोड़ और ढलान होने से वाहन चालकों को रास्ते का सही अंदाजा लगाने में परेशानी होती है। इन खामियों के कारण दुर्घटनाओं की आशंका लगातार बनी हुई है।
एक साल में 15 से अधिक हादसे, अब अफसरों की गिरफ्तारी की मांग………
मोहब्बेवाला क्षेत्र में बीते एक वर्ष के दौरान 15 से अधिक सड़क हादसे हो चुके हैं। लगातार दुर्घटनाओं के बावजूद सुरक्षा इंतजाम दुरुस्त नहीं होने से स्थानीय लोगों और आमजन में भारी आक्रोश है। ताजा हादसे में चार लोगों की मौत के बाद लोगों का गुस्सा और बढ़ गया है। लोगों का कहना है कि जब पुलिस बार-बार नोटिस जारी कर संबंधित अधिकारियों को चेतावनी दे रही थी तो फिर सड़क की खामियों को दूर क्यों नहीं किया गया? लोगों ने जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ केवल मुकदमा दर्ज करने तक कार्रवाई सीमित न रखने, बल्कि उनकी गिरफ्तारी की मांग भी उठाई है।
एक परिवार के तीन सदस्यों समेत चार की गई थी जान………
गौरतलब है कि बुधवार को मोहब्बेवाला चौक पर आई-20 कार और कंटेनर ट्रक की भिड़ंत में सहारनपुर निवासी परिवार के तीन सदस्यों की मौत हो गई थी। मृतकों में मिश्रेष कपूर (38), उनकी पत्नी निशा आनंद कपूर (38) और मां किरण कपूर (63) शामिल थीं। हादसे में कार चालक नीरज की भी जान चली गई थी। वहीं, कार में सवार छह वर्षीय महेर कपूर को पुलिस और राहत टीम ने रेस्क्यू कर सकुशल बाहर निकाल लिया था। एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत और मासूम के जीवित बचने की घटना ने हर किसी को झकझोर दिया था।
पटेलनगर कोतवाल नरेश राठौड़ ने यह बताया……..
पटेलनगर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक नरेश राठौड़ ने बताया कि आईएसबीटी चौकी प्रभारी जयवीर सिंह की तहरीर पर सड़क निर्माण और सुरक्षा से संबंधित कार्यदायी संस्थाओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। सड़क पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने और लगातार हो रही दुर्घटनाओं के संबंध में तहरीर दी गई थी। मामले में मुकदमा दर्ज कर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है।



