“निर्वाचन आयोग ने पांच राज्यों के अधिकारियों के तबादले को लेकर जारी किए निर्देश, गृह जिले और लंबे समय से एक स्थान पर तैनाती वाले अधिकारियों पर रहेगा फोकस..
उत्तराखंड में बड़े प्रशासनिक फेरबदल के संकेत, कई जिलों में बदले जाएंगे डीएम और एसएसपी, इंस्पेक्टर और सब इंस्पेक्टर भी होंगे इधर से उधर..

पंच👊नामा-ब्यूरो
देहरादून: विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच भारत निर्वाचन आयोग ने गोवा, मणिपुर, पंजाब, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में चुनाव से सीधे जुड़े अधिकारियों के स्थानांतरण और तैनाती को लेकर निर्देश दिए हैं। उत्तराखंड में प्रशासनिक और पुलिस महकमे में बड़े फेरबदल की संभावना बढ़ गई है। कई जिलों में डीएम-एसएसपी बदले जाने तय हैं। जबकि इंस्पेक्टर और सब इंस्पेक्टर लेवल के अधिकारियों को भी एक जिलों से दूसरे जिलों में भेजा जाएगा।
आयोग के पत्र के अनुसार, उत्तराखंड विधानसभा का कार्यकाल 28 मार्च 2027 को समाप्त हो रहा है। ऐसे में चुनाव प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाए रखने के लिए अधिकारियों की तैनाती की समीक्षा महत्वपूर्ण मानी जा रही है। आयोग की नीति के तहत चुनाव कार्य से सीधे जुड़े अधिकारियों को उनके गृह जिले में तैनात नहीं रखने और लंबे समय से एक ही स्थान पर सेवाएं दे रहे अधिकारियों के संबंध में भी आवश्यक कार्रवाई किए जाने का प्रावधान है।
इसका असर प्रदेश के प्रशासनिक और पुलिस तंत्र पर पड़ सकता है। विशेष रूप से जिलों में कानून-व्यवस्था, चुनाव प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी संभालने वाले अधिकारियों की तैनाती की समीक्षा की जा सकती है। इसी क्रम में कुछ जिलों के डीएम और एसएसपी के बदले जाने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, आयोग के पत्र में किसी अधिकारी के नाम या जिलेवार तबादलों का उल्लेख नहीं है। अब निगाहें शासन और पुलिस मुख्यालय के अगले कदम पर टिकी हैं। चुनाव से पहले होने वाला संभावित फेरबदल प्रदेश की प्रशासनिक और पुलिस व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव ला सकता है।



