
पंच👊नामा-ब्यूरो
हरिद्वार; ऑपरेशन प्रहार के तहत हरिद्वार पुलिस ने वाहन चोरों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय ऑटोलिफ्टर गैंग का भंडाफोड़ किया है। हरिद्वार और पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश में लगातार दोपहिया वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले गैंग के दो शातिर सदस्यों को गिरफ्तार कर पुलिस ने चोरी की 25 मोटरसाइकिलें बरामद की हैं।
आरोपियों ने दादूपुर गोविंदपुर स्थित एक खंडहर को चोरी की बाइकों का अड्डा बना रखा था, जहां से बड़ी संख्या में वाहन और उनके पार्ट्स बरामद किए गए। पुलिस की इस कार्रवाई से वाहन चोरी की कई वारदातों का खुलासा होने के साथ ही पीड़ितों को भी बड़ी राहत मिली है।
हरिद्वार के एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने प्रेस वार्ता में पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया कि रानीपुर क्षेत्र में लगातार बढ़ रही बाइक चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए विशेष टीम गठित की गई थी। पुलिस को तकनीकी सहायता और महत्वपूर्ण इनपुट उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी सीआईयू को सौंपी गई। लगातार निगरानी, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के विश्लेषण और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने दोनों आरोपियों को दबोचने में सफलता हासिल की।
एसएसपी ने बताया कि कोतवाली रानीपुर प्रभारी निरीक्षक मनोहर सिंह भंडारी व सीआईयू/एसओजी प्रभारी निरीक्षक नरेंद्र सिंह बिष्ट के नेतृत्व में गठित संयुक्त टीम ने घटनास्थलों का बारीकी से निरीक्षण किया, संदिग्ध गतिविधियों का विश्लेषण किया और डिजिटल ट्रैकिंग के जरिए आरोपियों तक पहुंच बनाई। टीम ने गोपनीय सूचना पर जमालपुर नहर पटरी के पास से भव्य उर्फ भोला और सुधीर कुमार को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की। पूछताछ में दोनों ने कई अन्य वाहन चोरी की घटनाओं का खुलासा किया।
पूछताछ में सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी भव्य उर्फ भोला पूर्व में बिजनौर में वाहन चोरी के मामले में जेल जा चुका है और नशे का आदी है, जबकि उसका साथी सुधीर कुमार पेशे से मोटर मैकेनिक है। दोनों हरिद्वार, ऋषिकेश, बिजनौर समेत विभिन्न क्षेत्रों से मोटरसाइकिल चोरी कर उन्हें कम कीमत पर बेच देते थे। जो वाहन नहीं बिकते थे, उनके पार्ट्स निकालकर अलग-अलग बेच दिए जाते थे और कमाई को आपस में बराबर बांट लेते थे।
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने दादूपुर गोविंदपुर स्थित एक खंडहर में छापेमारी कर वहां से 24 अन्य चोरी की मोटरसाइकिलें और बड़ी मात्रा में वाहन के पार्ट्स बरामद किए। बरामद वाहनों में कोतवाली रानीपुर, ज्वालापुर, नगर कोतवाली, थाना सिडकुल, मंगलौर व उत्तर प्रदेश के बिजनौर जनपद से चोरी की गई मोटरसाइकिलें शामिल हैं। पुलिस अन्य बरामद वाहनों के संबंध में भी जानकारी जुटा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान भव्य उर्फ भोला पुत्र अरुण कुमार निवासी अमीरपुर गांगू, थाना कोतवाली शहर, जनपद बिजनौर (उ.प्र.) तथा सुधीर कुमार पुत्र कालू निवासी रसूलपुर आबाद, थाना हल्दौर, जनपद बिजनौर (उ.प्र.) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे और निशानदेही पर कुल 25 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं, जिनमें अधिकांश स्प्लेंडर, प्लेटिना, एचएफ डीलक्स, सुपर स्प्लेंडर और यामाहा एफजेड बाइक शामिल हैं। कई वाहनों के इंजन और चेसिस नंबर मिटाए गए मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक मनोहर सिंह भण्डारी, वरिष्ठ उपनिरीक्षक नन्दकिशोर ग्वाड़ी, उपनिरीक्षक चरण सिंह चौहान (प्रभारी चौकी गैस प्लांट), उपनिरीक्षक सुधांशु कौशिक, अपर उपनिरीक्षक सुबोध घिल्डियाल, कांस्टेबल करम तोमर, गम्भीर तोमर, प्रेम दानू, अजय, विवेक गुसाईं, मंजीत राणा व महेन्द्र सिंह शामिल रहे। सीआईयू/एसओजी टीम में प्रभारी निरीक्षक नरेन्द्र सिंह बिष्ट और कांस्टेबल वसीम ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हरिद्वार पुलिस की इस कार्रवाई को ऑपरेशन प्रहार के तहत वाहन चोरों के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है।



