
पंच👊नामा-ब्यूरो
देहरादून; नशे के धंधे पर शिकंजा कसते हुए देहरादून पुलिस ने एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। “ऑपरेशन प्रहार” के तहत कोतवाली प्रेमनगर पुलिस ने दो अंतरराज्यीय नशा तस्करों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से करीब 5.50 लाख रुपये कीमत की 15.85 ग्राम अवैध स्मैक, एक 32 बोर पिस्टल, 6 जिंदा कारतूस, 2 खाली मैगजीन और एक हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की है। दोनों आरोपी कॉलेज छात्रों और पीजी-हॉस्टल में रहने वाले युवाओं को स्मैक बेचकर मोटा मुनाफा कमाने की फिराक में थे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र सिंह डोबाल के निर्देश पर जनपदभर में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी और नशे के कारोबार में लिप्त अपराधियों के खिलाफ लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय तस्करों की पहचान कर उनके विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
इन्हीं निर्देशों के क्रम में कोतवाली प्रेमनगर के प्रभारी निरीक्षक (एसएचओ) नरेश सिंह राठौड़ के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने चेकिंग अभियान के दौरान बलिस्टर और अनुराग चौधरी को गिरफ्तार किया। तलाशी लेने पर दोनों के कब्जे से कुल 15.85 ग्राम अवैध स्मैक बरामद हुई।
इसके अलावा एक 32 बोर पिस्टल, 6 जिंदा कारतूस, 2 खाली मैगजीन और एक मोटरसाइकिल भी बरामद की गई। दोनों के खिलाफ कोतवाली प्रेमनगर में एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है, जबकि पिस्टल का लाइसेंस केवल उत्तर प्रदेश के लिए वैध होने के बावजूद उसे उत्तराखंड में लाने पर आर्म्स एक्ट की धारा 30 के तहत भी कार्रवाई की गई है। साथ ही संबंधित लाइसेंस निरस्त कराने के लिए पत्राचार किया जा रहा है।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे मूल रूप से सहारनपुर (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले हैं और पिछले तीन-चार माह से प्रेमनगर क्षेत्र के केहरी गांव में रह रहे थे। वे सहारनपुर के एक स्थानीय तस्कर से स्मैक खरीदकर देहरादून लाते थे और प्रेमनगर सहित आसपास के क्षेत्रों में कॉलेज छात्रों, हॉस्टलों, पीजी और फ्लैटों में रहने वाले युवाओं को बेचकर अवैध कमाई करते थे। वहीं बलिस्टर ने बरामद पिस्टल के संबंध में बताया कि यह उसकी लाइसेंसी पिस्टल है, जिसे वह लोगों को डराने के लिए अपने साथ रखता था।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में कोतवाली प्रेमनगर के एसएचओ नरेश सिंह राठौड़, उपनिरीक्षक एवं चौकी प्रभारी बिधौली जैनेंद्र सिंह राणा, अपर उपनिरीक्षक रामलाल, कांस्टेबल श्रीकांत मलिक, वीरेंद्र भंडारी, पंकज, अरशद व रोबिन शामिल रहे। पुलिस टीम की इस कार्रवाई को नशा तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन प्रहार” की एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।



